AI की मदद से UPI पेमेंट हुआ आसान, जानिए तरीका…
नई दिल्ली, रेपो रेट को अपरिवर्तित रखने के मौद्रिक नीति समिति के फैसले की घोषणा करते हुए, भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के गवर्नर शक्तिकांत दास ने UPI पर ‘कन्वर्सेशनल पेमेंट’ को सक्षम करने का प्रस्ताव रखा।
दास ने कहा कि यह यूजर्स को भुगतान करने के लिए कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) संचालित प्रणालियों के साथ बातचीत करने में सक्षम बनाएगा। बाद में, आरबीआई ने प्रस्ताव पर अधिक विवरण देते हुए विकास और नियामक नीतियों पर स्टेटमेंट भी जारी किया।
एआई का करेंगे उपयोग
इस बयान में कहा गया है कि चूंकि कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) तेजी से डिजिटल अर्थव्यवस्था में एकीकृत हो रही है, इसलिए कन्वर्सेशनल निर्देश उपयोग में आसान है और इसके परिणामस्वरूप UPI प्रणाली को एक्सेस करने में काफी संभावनाएं रखते हैं।
इन भाषाओं में मिलेगी सुविधा
इस बयानमें यह भी बताया गया है कि ये सुविधा दोनों स्मार्टफोन और फीचर फोन-आधारित यूपीआई चैनल में उपलब्ध होगी। इसे शुरुआत में हिंदी और अंग्रेजी में उपलब्ध कराया जाएगा और बाद में और भारतीय भाषाओं में भी उपलब्ध कराया जाएगा।बता दें कि एनपीसीआई को निर्देश जल्द ही जारी किए जाएंगे।
NFC तकनीक का उपयोग करके यूपीआई भुगतान
इसके अलावा दास ने ‘UPI Lite’ ऑन-डिवाइस वॉलेट के माध्यम से नियर फील्ड कम्युनिकेशन (एनएफसी) तकनीक का उपयोग करके यूपीआई पर ऑफलाइन भुगतान शुरू करने का भी प्रस्ताव रखा।
बाद में जारी बयान में कहा गया कि यह सुविधा न केवल उन स्थितियों में रिटेल डिजिटल भुगतान को सक्षम करेगी जहां इंटरनेट/दूरसंचार कनेक्टिविटी कमजोर है या उपलब्ध नहीं है, बल्कि यह न्यूनतम लेनदेन गिरावट के साथ गति भी सुनिश्चित करेगी।
क्या है एनएफसी तकनीक?
एनएफसी तकनीक दो उपकरणों – जैसे फोन और भुगतान टर्मिनल – को एक-दूसरे के करीब रखे जाने पर एक-दूसरे से बात करने की अनुमति देती है। यह संपर्क रहित भुगतान को सक्षम बनाता है।