इस लॉकडाउन में घर-घर की कहानी बन कर उभरा है सरल योग, शारीरिक और मानसिक इम्‍युनिटी बढ़ाने में है सहायक

खूब फला-फूला है योग इस कोरोना टाइम में। प्राणायाम और सरल व हल्के-फुल्के आसन बहुतों की सेहत के लिए वरदान साबित हुए। हर किसी ने बात की कि अपनी शारीरिक और मानसिक इम्‍युनिटी बढ़ाना चाहते हैं तो रोज कपालभाति, अनुलोम-विलोम और मेडीटेशन करें।

इससे फेफड़े भी खुलेंगे और कोरोना के संक्रमण का डर कम हो जाएगा। सुबह उठने के बाद से चर्चाएं शुरू हो जातीं कि आज घर में किसने कितनी देर योग किया। लॉकडाउन में लोगों ने योग को दिल से अपनाया, इसके द्वारा फिटनेस की राह खोजी और इसे जीवन मंत्र बना लिया।

जब घर में बंद रह कर स्‍वस्‍थ रहने की चुनौती सामने आई तो योग ही एक सहारा नजर आया हमें सभी को। शरीर से चुस्‍त और मन से तंदुरुस्‍त रहने का प्रश्‍न सामने आया तो एक ही उत्‍तर सुझाई पड़ा योग। हर जगह योग करने की सलाह और योग के फायदों के मैसेज बेहिसाब प्रसारित हुए।

इस लॉकडाउन में घर-घर की कहानी बन कर उभरा है सरल योग। अभी तक लोग योग के बारे में सुनते थे, जानते थे लेकिन जीवन-यापन की दौड़ या आलस्‍य के कारण इसकी पनाह में नहीं आ सके थे। लेकिन अब योग करने के लिए समय भी था, मन भी और मजबूरी भी।

कोविड का डर

जब यह कहा गया कि कोरोना को हराना है तो रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत करना होगा तो लोगों ने इस रहस्‍य को समझा कि योग इम्‍युनिटी बढ़ाने में काफी कारगर है। कहीं न कहीं कोरोना के डर ने भी योग को हर घर में पहुंचा दिया। हाल ही में डिजिटल शॉर्ट फिल्‍म ‘आईना’ लेकर आए एक्‍टर करन आनंद कहते हैं, ‘हो सकता है कि कोविड के डर से भी योग अपनाया गया। लेकिन जिन्‍होंने इसे अपना लिया मैं अब उनसे प्रार्थना करता हूं कि इसे लगातार करते रहें। जब सब सामान्‍य हो तब भी इसे जिंदगी का हिस्‍सा बनाएंगे तो आपकी जिंदगी संतुलित होगी। खान-पान संयमित होगा।‘

योग से दोस्‍ती, तनाव से मुक्ति

यह समय बेहद तनाव देने वाला है और हर कोई मेंटल इम्‍यूनिटी बढ़ाने के लिए बैचेन है। योग में ऐसा गुण है कि यह तनाव से मुक्‍त कर दिल को शांति देता है। योग से दोस्‍ती की एक वजह यह भी है। योग गुरु बाबा रामदेव ने भी कोरोना काल में कहा कि प्रणायाम प्राण वायु को बढ़ाता है और प्राण शक्ति में वृद्धि करता है। इसी तरह ध्यान हमारी आत्म-शक्ति को बढ़ाता है, जिससे अकेलापन व तनाव दूर भागता है और हम मानसिक रूप से मजबूत होते हैं।

ध्‍यान पर ध्‍यान

दरअसल जब घर के दरवाजों में ताले लग गए, लोगों की सैर और वर्कआउट्स बंद हो गए तो स्‍वस्‍थ रहने के लिए योग से अच्‍छा कोई समाधान नहीं था। टिकटॉक पर योग के वीडियो डाल कर 2.6 मिलियन फोलोअस्र बटोरने वाली टिकटॉक स्‍टार उर्मि पांड्या कहती हैं, ‘इस समय तो हर आयु समूह के लोग घर पर रह कर योग कर रहे हैं। सभी को लग रहा है कि हम इस कठिन समय में स्‍वस्‍थ रहें फिट रहें। मुझे लगता है इस दौरान करीब 70 प्रतिशत उन लोगों ने योग शुरू किया है जिन्‍होंने इसे कभी किया नहीं था। इस दौरान योग घर-घर पहुंच गया और लोगों ने प्राणायाम और ध्‍यान पर ज्‍यादा ध्‍यान दिया।‘

लॉकडाउन में मिथ खत्‍म हुआ

सरकार भी कह रही है कि योग से कोविड 19 को हराया जा सकता है। और योग करने के लिए ज्‍यादा चीजों की जरूरत नहीं होती। मैट भी नहीं है तो चादर या घर के कालीन पर योग कर सकते हैं। इसलिए योग आसानी से बंद घरों में आया। लोगों ने इसकी आसानी ओर महत्‍ता को समझा।

भारत में योग को बढ़ावा दे रहीं महक आर चौधरी कहती हैं, ‘हमारे देश में लोगों को जिम ज्‍यादा ‍प्रिय होता जा रहा है क्‍योंकि उनको एक ‍मिथ है ‍कि योग एक्‍सरसाइज का स्‍लो फॉर्म है और पता नहीं इससे हमारी कैलोरीज बर्न होंगी या नहीं, या फिर यह केवल उम्रदराज लोगों के करने की ही चीज है। यह मिथ लॉकडाउन में खत्‍म हुआ है क्‍योंकि यह आसान है करने में।

सोशल मीडिया पर हमने देखा कि लोगों ने इस दौरान कैसे योग की नई शुरुआत की है या अपनी फॉर्म को इंप्रूव किया है। योग का मतलब कठिन आसन करना नहीं है बल्कि मन से करना है। योग बेशक हल्‍का व धीमा व्‍यायाम है लेकिन मजबूती खूब बढ़ाता है।‘

सरल योग मन से अपनाया गया

मैं सूर्यनमस्‍कार, प्राणायाम, कपालभाति करती और ध्‍यान लगाती और इनके वीडियो बना कर अपनी सोशल मीडिया पर अपनी स्‍टोरी बनाती। ताकि लोग प्रेरित हों। यह पूरे शरीर को स्‍वस्‍थ रखता है। लेकिन मैंने देखा है कि लोगों ने सरल योग को बहुत मन से अपनाया। योग स्‍ट्रेस लेवल को कम करता है। ओवरऑल फिटनेस को मेंटेन करता है।

कविता मखीजा, टिकटॉक क्रिएटर

हर अंग को फायदा देता है

पूरी दुनिया के सामने जो मुश्किल आई है उसका समाधान योग में ही छिपा है। कोविड के समय जो प्राणायाम करेंगे तो वह बीमारी से बचे रहेंगे। योग आपके बाहरी शरीर को ही नहीं हर अंग को फायदा देता है। आपको दिमागी तौर पर मजबूत बनाता है। इससे बीमारियां दूर भागती हैं। इस दौरान मैं पुरजोर तरीके से इस बात को रख रहा हूं कि अपने लिए वक्‍त निकालें ओर योग करें।

करन आनंद, एक्‍टर

हमारा फोकस बढ़ाता है योग

योग बॉडी, माइंड और सोल को स्‍वस्‍थ रखता है। हमारा फोकस बढ़ाता है। मैंने इस दौरान इम्‍यूनिटी बढ़ाने वाले योगासनों के वीडियोज बना कर डाले। सारे लोग एडवांस योगासन नहीं कर सकते इसलिए उन्‍हें आसानी से हो सकने वाले योगासन बताए।

दो-तीन महीने से मैंने ऐसे योगासन वीडियो डाले हैं जिन्‍हें पहले दिन से योग शुरू करने वाले कर सकते हैं। अगर एडवांस योग बताए तो उन्‍हें करने की जानकारी भी दी। योग का पोस्‍चर अगर सही होगा तो उसके ज्‍यादा फायदे मिलेंगे। इससे डायबिटीज, कमर दर्द आदि में काफी फायदा मिलता है। ओम का उच्‍चारण स्‍ट्रेस दूर करता है।

उर्मि पांड्या‍, टिकटॉक स्‍टार

ऑनलाइन कक्षाएं कारगर

योग से आप मजबूत होते हैं। यह सांस लेना तक सीखा देता है। लॉकडाउन में बच्‍चों तक ने इसे अपनाया। पहले जहां आठ-दस लोग आमने-सामने कक्षाएं करते थे वहीं आज ऑनलाइन कक्षाओं में एक बार में 250 तक लोग योग कर रहे हैं। हमने 15 मिनट तक की कक्षा कर रहे हैं।

यह भी बहुत प्रभावी है। योग ही एक ऐसा व्‍यायाम है जो आपके शरीर के अंदर के अंगों को छूता है। ऐसा कोई व्‍यायाम नहीं है जो फेफड़ों और पेंक्रियाज जैसे अंगों को सीधे फायदा पहुंचाता हो। लॉकडाउन में लोग घर से काम कर रहे हैं तो रीढ़ की हड्डी में समस्‍या के मामले ज्‍यादा सामने आ रहे हैं। लेकिन यह योगा से ठीक हो रहे हैं।

महक आर चौधरी, फाउंडर सोल प्रोजेक्‍ट व योग प्रोमोटर

पॉजिटिव रहने में मदद मिली

योग शारीरिक फिटनेस से बहुत अधिक देता है हमें। मैं हर दिन सूर्यनमस्कार करता रहा जिससे मुझे इस कठिन समय में पॉजिटिव रहने में मदद मिली। योग ने न केवल मुझे मानसिक मजबूती दी बल्कि मेरी एकाग्रता को भी बढ़ाया।

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