ईरान में लगा लाशों का ढेर, सड़कों पर बिछे शव और हर तरफ मची चीख-पुकार

ईरान में हिंसक प्रदर्शनों पर खामेनेई सरकार की बर्बर कार्रवाई से 3000 से अधिक लोगों की मौत हो गई है। न्यूयॉर्क टाइम्स और मानवाधिकार केंद्रों की रिपोर्ट के अनुसार, सुरक्षाबलों ने निहत्थे प्रदर्शनकारियों पर ओपन फायरिंग की, जिससे हजारों घायल हुए। इंटरनेट बैन के बावजूद सामने आए वीडियो में सड़कों पर लाशों के ढेर दिख रहे हैं, जहां परिजन अपने करीबियों को तलाश रहे हैं।
ईरान में लाशों का ढेर लग गया है। सड़कों पर शव बिछे पड़े हैं। हिंसक प्रदर्शन पर लगाम लगाने के लिए खामेनेई सरकार ने बर्बर्तापूर्ण रवैया अपनाया है। ईरान से रोंगटे खड़े करने वाले वीडियो सामने आ रहे हैं।
प्रत्यक्षदर्शियों समेत कई मीडिया रिपोर्ट ईरान में 3000 से ज्यादा लोगों के मारे जाने का दावा कर रहे हैं। ये ईरान में हुआ अब तक का सबसे बड़ा नरसंहार माना जा रहा है।
खामेनेई की सेना ने की ओपन फायरिंग
न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार, अस्पताल में काम करने वाले लोगों ने बताया कि सुरक्षाबलों ने प्रदर्शनकारियों पर ओपन फायरिंग शुरू कर दी। ज्यादा प्रदर्शनकारी निहत्थे थे। गोलीबारी के दौरान कई लोगों की मौत हो गई। हजारों लोग छर्रे और गोली लगने से घायल हो गए हैं। कुछ प्रदर्शनकारियों के सिर में भी फ्रैक्चर देखने को मिला है।
ईरान में मौजूद मानवाधिकार केंद्र ने एक डॉक्टर के हवाले से बताया कि भारी संख्या में लोग घायल हैं। घायलों की कुल संख्या का पता लगाना बेहद मुश्किल है। मगर, स्थिति काफी भयानक और जानलेवा हो गई है।
तेहरान में लगा लाशों का ढेर
ईरान सरकार ने इंटरनेट से लेकर अंतरराष्ट्रीय फोन कॉल समेत मोबाइल कनेक्शन पर पिछले कई दिनों से बैन लगा दिया है। हालांकि, ईरान से कई वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आए हैं, जिनमें मुर्दाघर के बाहर लाशों का ढेर देखने को मिल रहा है।
शवों को बॉडी बैग में भरकर सड़कों पर रखा गया। हर तरफ परिजनों की चीख-पुकार मची है। लाशों के ढेर में लोग अपने करीबियों की तलाश कर रहे हैं।
सुरक्षाबल समेत 3000 की मौत
न्यूयॉर्क टाइम्स ने अपनी रिपोर्ट में बताया कि मृतकों में ज्यादातर आम लोग ही शामिल है, जो गरीब परिवार से ताल्लुक रखते हैं। मृतकों का सटीक आंकड़ा अभी तक सामने नहीं आया है।
ईरानी स्वास्थ्य मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी ने स्थानीय समाचार को बताया कि पूरे देश में 3000 लोग मारे जा चुके हैं। इसमें कई सुरक्षाकर्मी भी शामिल है। मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका जताई गई है।
नजदीक से सिर में मारी गई गोली
तेहरान की एक नर्स के अनुसार, अस्पताल में 1 घंटे के भीतर 19 घायलों को भर्ती किया गया। सभी को गोली लगी है। वहीं, शोहादा अस्पताल के डॉक्टर ने बताया कि अस्पताल पहुंचने तक कई प्रदर्शनकारियों की मौत हो चुकी थी। सभी को सिर में बेहद करीब से गोली मारी गई थी। वहीं, गोलियां कुछ प्रदर्शनकारियों के गले, फेफड़ों और दिल को चीरती हुई चली गईं, जिससे उन्होंने दम तोड़ दिया।





